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    नोएडा अथॉरिटी ने अपनी ई-बस सर्विस के लिए तीन नामों का दिया प्रपोजल, इन इलाकों में चलेंगी

    ये इलेक्ट्रिक बसें 25 हाई डिमांड वाले रूट्स पर चलेंगी। इसमें शहर के भीतर और एयरपोर्ट संपर्क रूट शामिल हैं। दिन भर में 15-20 मिनट के अंतराल पर चलेंगी।नोएडा अथॉरिटी ने सरकार को 500 ई-बसों के फ्लीट के लिए तीन नामों के प्रपोजल दिए हैं। ये बसें नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे इलाकों में चलनी हैं। अथॉरिटी ने जिन नामों के प्रस्ताव दिए है, वह नाम हैं-एनजीवाई अर्बन मोबिलिटी सर्विस, जीबीएन ईजी राइड सर्विस और जीबीएन ग्रीन ट्रांसपोर्ट। टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक, हालांकि नाम सरकार की तरफ से पुनरिक्षित किया जाना है, लेकिन इसकी ब्रांडिंग शहरी यातायात में अपने बड़े विजन को परिलक्षित करेगा।ऑपरेटरों का हो चुका है चयन
    इस इलेक्ट्रिक बस परियोजना को तब गति मिली जब दो निजी ऑपरेटरों का चयन हो गया। एक ऑपरेटर ट्रैवल टाइम मोबिलिटी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड 55 रुपये प्रति किमी की दर से नौ मीटर लंबी 250 बसें चलाएगा। जबकि, दूसरा ऑपरेटर डेलबस मोबिलिटी प्राइवेट लिमिटेड 68 रुपये प्रति किमी की दर से 12 मीटर लंबी 250 बसें चलाएगा। खबर के मुताबिक, हर बस प्रतिदिन 300 किमी तक की दूरी तय करेगी।

    हाई फ्रीक्वेंसी वाले रूट और एयरपोर्ट कनेक्टिविटी
    ये इलेक्ट्रिक बसें 25 हाई डिमांड वाले रूट्स पर चलेंगी। इसमें शहर के भीतर और एयरपोर्ट संपर्क रूट शामिल हैं। दिन भर में 15-20 मिनट के अंतराल पर ये रूट अंतिम मील कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने, भीड़भाड़ को कम करने और आगामी नोएडा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे जैसे प्रमुख शहरी और ट्रांजिट केंद्रों की सेवा करने के लिए डिज़ाइन किए गए हैं। परियोजना के प्रबंधन के लिए, एक विशेष प्रयोजन वाहन (एसपीवी) का गठन किया जाएगा, जिसमें नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरणों के अधिकारी शामिल होंगे। रजिस्टर्ड होने के बाद, एसपीवी 12 साल की अवधि में कर्मचारियों की नियुक्ति, संचालन और सेवाओं की शुरुआत का काम संभालेगा।

    फाइनेंस और स्थिरता संबंधी बातें
    ई-बस परियोजना की कुल लागत 675 करोड़ रुपये अनुमानित है। वैसे किराए और विज्ञापनों से होने वाली आय से कुल व्यय का केवल एक हिस्सा ही पूरा होने की उम्मीद है। अनुमानित वार्षिक राजस्व: 145 करोड़ रुपये और वार्षिक परिचालन लागत 370 करोड़ रुपये से अधिक होने की उम्मीद है। वित्तीय घाटे के बावजूद, इस परियोजना से पर्यावरण के अनुकूल, विश्वसनीय सार्वजनिक परिवहन उपलब्ध कराने और नोएडा के शहरी गतिशीलता परिदृश्य को मज़बूत करने की उम्मीद है।

    विराट कोहली से इस बयान की उम्मीद थी क्या आपको, टेस्ट रिटायरमेंट के पीछे इशारों में बताया ये बड़ा कारण

    विराट कोहली ने जब लगभग 2 महीने पहले टेस्ट क्रिकेट से अपने रिटायरमेंट का ऐलान किया था तो पूरा क्रिकेट जगत हैरान रह गया था। वहीं अब कोहली ने पहली बार अपने इस फैसले के पीछे का कारण बताया है।वर्ल्ड क्रिकेट के महान प्लेयर्स की लिस्ट में शुमार टीम इंडिया के स्टार खिलाड़ी विराट कोहली ने जब मई महीने की शुरुआत में टेस्ट क्रिकेट से अपने रिटायरमेंट का ऐलान किया तो पूरा वर्ल्ड क्रिकेट हैरान रह गया। सभी फैंस को उम्मीद थी कि टीम इंडिया के आगामी इंग्लैंड दौरे पर कोहली सफेद जर्सी में खेलते हुए दिखाई देंगे लेकिन उनका ये फैसला किसी झटके से कम नहीं था। कोहली ने अब पहली बार टेस्ट क्रिकेट से अपने रिटायरमेंट को लेकर बयान दिया है, जिसमें उन्होंने इसे इशारे से समझाया है।

    मुझे अपनी दाढ़ी हर चार दिन में रंगनी पड़ती है
    विराट कोहली इस समय लंदन में हैं और उन्होंने 8 जुलाई को युवराज सिंह द्वारा आयोजित चैरिटी कार्यक्रम में हिस्सा लिया था, जिसमें वहां पर मौजूद होस्ट गौरव कपूर ने उनसे टेस्ट क्रिकेट से रिटायरमेंट को लेकर सवाल पूछा। इसके जवाब में कोहली ने मुस्कुराते हुए कहा कि मैंने दो दिन पहले ही अपनी दाढ़ी को काला रंग दिया था। आप जानते हैं कि यह वो समय है जब आप हर चार दिन में अपनी दाढ़ी को रंग रहे हैं। कोहली ने इस बयान के जरिए साफ इशारा दिया कि उन्होंने अपनी उम्र को देखते हुए टेस्ट क्रिकेट से रिटायरमेंट लेने का फैसला लिया। कोहली की उम्र अभी सिर्फ 36 साल है और वह अब इंटरनेशनल क्रिकेट में अब वनडे में ही खेलते हुए दिखाई देंगे।

    टीम इंडिया के प्लेयर्स से भी कोहली ने की मुलाकात
    भारतीय टीम जो अभी शुभमन गिल की कप्तानी में इंग्लैंड के दौरे पर टेस्ट सीरीज खेल रही है, उसे 10 जुलाई से सीरीज का तीसरा मुकाबला लंदन के लॉर्ड्स ग्राउंड में खेलना है। टीम इंडिया के सभी प्लेयर्स इस चैरिटी कार्यक्रम में पहुंचे थे, जिनकी मुलाकात विराट कोहली से भी हुई थी। वहीं कोहली ने युवी के साथ अपनी दोस्ती पर बात की जिसमें उन्होंने बताया कि जब वह भारतीय टीम में नए थे तो युवराज सिंह के अलावा हरभजन सिंह और जहीर खान जैसे सीनियर खिलाड़ियों ने मेरी काफी मदद की थी। हमारा मैदान के अंदर और बाहर दोनों जगह बहुत अच्छा रिश्ता रहा है।

    इंदौर में 48 घंटों के भीतर 3 महिलाओं की कोरोना से मौत, जानिए क्या बोला स्वास्थ्य विभाग?

    इंदौर के स्थानीय स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि है जिले में अभी कुल कितने मरीज कोरोना से पीड़ित हैं? इन सभी कोरोना मरीजों का अस्पताल में इलाज चल रहा है।मध्य प्रदेश के इंदौर जिले में कोरोना वायरस से संक्रमित पाई गईं तीन महिलाओं की रविवार और सोमवार के बीच 48 घंटों के भीतर मौत हो गई। उन्हें पहले से ही अन्य बीमारियां भी थीं। इसके बाद स्थानीय स्वास्थ्य विभाग पहले से और ज्यादा अलर्ट हो गया।

    जानिए क्या थी मृतक महिलाओं की उम्र?
    स्वास्थ्य विभाग के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉक्टर माधव प्रसाद हासानी ने कहा कि कोरोना वायरस से संक्रमित पाए जाने के बाद 64 वर्षीय महिला और 55 वर्षीय महिला ने छह जुलाई (रविवार) को दम तोड़ा, जबकि 50 वर्षीय महिला की मौत सात जुलाई (सोमवार) को हुई।

    तीनों महिलाओं को पहले से थी ये बीमारियां
    उन्होंने कहा, ‘तीनों महिलाएं अलग-अलग बीमारियों से पहले ही जूझ रही थीं, जिससे उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता घट चुकी थी। इनमें रक्त कैंसर, टीबी, मधुमेह और थायरॉयड जैसी बीमारियां शामिल हैं।’

    कोरोना से घबराने की नहीं है जरूरत
    सीएमएचओ ने कहा कि कोविड-19 को लेकर घबराने की कोई जरूरत नहीं है। इस महामारी के इक्का-दुक्का मामले सामने आ रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘फिलहाल जिले में कोरोना के केवल सात मरीज उपचाराधीन हैं। मंगलवार को हमें इस महामारी का एक भी मरीज नहीं मिला।’

    जनवरी से अब तक कुल 187 करोना के मामले आए
    हासानी ने कहा कि एक जनवरी से लेकर अब तक जिले के कुल 187 लोग कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए हैं, जिनमें से चार मरीजों की इलाज के दौरान मौत हो चुकी है। उन्होंने कहा, ‘जिले में इस साल कोविड-19 के किसी मरीज की पहली मौत 21 अप्रैल को हुई थी, जब 74 वर्षीय महिला ने एक अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया था। यह महिला किडनी के एक गंभीर रोग की पुरानी मरीज थी।

    ब्राजील के बाद अपनी यात्रा के अंतिम चरण में नामीबिया पहुंचे पीएम मोदी, बजाया ड्रम

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी यात्रा के अंतिम चरण में अब नामीबिया पहुंच गए हैं। वह बुधवार को नामीबिया की धरती पर उतरे, जहां उनका जोरदार स्वागत किया गया।विंडहूक: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने बहुप्रतीक्षित नामीबिया दौरे पर पहुंच चुके हैं। यह यात्रा भारत और नामीबिया के बीच रणनीतिक साझेदारी को नई ऊंचाई देने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम मानी जा रही है। यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की तीन दशकों में पहली आधिकारिक नामीबिया यात्रा है। नामीबिया में पीएम मोदी का पारंपरिक तरीके से शानदार स्वागत किया गया। इस दौरान नामीबिया के स्थानीय कलाकारों के साथ प्रधानमंत्री मोदी ने भी ड्रम बजाया।इन मुद्दों पर होगी द्विपक्षीय वार्ता
    प्रधानमंत्री मोदी और नामीबियाई राष्ट्रपति नेटुम्बो नांडी-एनडैटवाह के बीच वन-टू-वन संवाद और दोनों देशों के मंत्रियों की टीम स्तरीय चर्चा होगी। इन वार्ताओं में व्यापार, रक्षा, डिजिटल सहयोग और वैश्विक दक्षिण में साझेदारी जैसे मुद्दों पर गहन विचार-विमर्श शामिल हैं।

    सूर्य नमस्कार से हुआ पीएम मोदी का स्वागत
    संयुक्त समझौतों पर हस्ताक्षर

    भारत और नामीबिया के बीच व्यापार, निवेश, शिक्षा, स्वास्थ्य, ICT और पर्यावरण जैसे क्षेत्रों में कुल छह महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापनों (MoUs) पर हस्ताक्षर किए जा सकते हैं। इनमें यूपीआई समेत खनिज और ऊर्जा क्षेत्रों में सहयोग पर भी समझौते होंगे। भारत और नामीबिया डायमंड के प्रत्यक्ष आयात की दिशा में बातचीत कर रहे हैं, जिससे मध्यस्थों की भूमिका कम होगी। साथ ही यूरेनियम, कोबाल्ट और लैंथेनाइड्स जैसे महत्त्वपूर्ण खनिजों पर दीर्घकालिक समझौतों की संभावना जताई गई है।

    पीएम मोदी ने नामीबिया पहुंचकर किया ट्वीट
    नामीबिया पहुंचने के बाद पीएम मोदी ने एक्स पर लिखा, “कुछ समय पहले विंडहूक में पहुंचा। नामीबिया एक मूल्यवान और विश्वसनीय अफ्रीकी साझेदार है, जिसके साथ हम द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत करना चाहते हैं। आज राष्ट्रपति डॉ. नेटुम्बो नांडी-एनडैटवाह से मिलने और नामीबियाई संसद को संबोधित करने के लिए उत्सुक हूं।”

    नामीबिया की संसद को करेंगे संबोधित
    प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी इस यात्रा के दौरान नामीबियाई संसद को संबोधित करेंगे। यह पहली बार है जब कोई भारतीय प्रधानमंत्री दक्षिण अफ्रीका क्षेत्र के बाहर किसी अफ्रीकी देश की संसद में भाषण देगा। इसके अलावा वह नामीबिया के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. सैम नुजौमा को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।

    डिजिटल भुगतान प्रणाली यूपीआई डील
    पीएम मोदी के इस दौरे की खास बात यह है कि अब नामीबिया में भी यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) प्रणाली शुरू की जा रही है। प्रधानमंत्री मोदी ने NPCI और नामीबिया के केंद्रीय बैंक के बीच इसे लेकर एक समझौता करेंगे।

    शेयर बाजार में उछाल, सेंसेक्स 270 और निफ्टी 61 अंकों की बढ़त के साथ बंद, ये स्टॉक्स चमके

    आज एनएसई का निफ्टी 50 इंडेक्स भी 61.20 अंकों (0.24%) की तेजी के साथ 25,522.50 अंकों पर बंद हुआ।मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार ने बढ़त के साथ हरे निशान में कारोबार बंद किया। हफ्ते के दूसरे दिन, बीएसई का सेंसेक्स 270.01 अंकों (0.32%) की बढ़त के साथ 83,712.51 अंकों पर बंद हुआ। इसी तरह, आज एनएसई का निफ्टी 50 इंडेक्स भी 61.20 अंकों (0.24%) की तेजी के साथ 25,522.50 अंकों पर बंद हुआ। बताते चलें कि बाजार ने आज लाल निशान में फ्लैट शुरुआत की थी। जबकि, सोमवार को बाजार हरे निशान में बिल्कुल फ्लैट बंद हुआ था।टाटा ग्रुप के शेयर में भयावह गिरावट
    आज सेंसेक्स की 30 में से 18 कंपनियों के शेयर बढ़त के साथ हरे निशान में बंद हुए और बाकी की सभी 12 कंपनियों के शेयर गिरावट के साथ लाल निशान में बंद हुए। इसी तरह, निफ्टी 50 की 50 में से 27 कंपनियों के शेयर बढ़त के साथ हरे निशान में बंद हुए और बाकी की सभी 23 कंपनियों के शेयर नुकसान के साथ लाल निशान में बंद हुए। आज सेंसेक्स की कंपनियों में शामिल कोटक महिंद्रा बैंक के शेयर सबसे ज्यादा 3.40 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुए जबकि टाइटन के शेयर आज सबसे ज्यादा 6.17 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुए।

    एटरनल, एशियन पेंट्स समेत इन शेयरों में आया उछाल
    सेंसेक्स की अन्य कंपनियों में आज एटरनल के शेयर 1.89 प्रतिशत, एशियन पेंट्स 1.69 प्रतिशत, एनटीपीसी 1.64 प्रतिशत, बीईएल 1.20 प्रतिशत, अडाणी पोर्ट्स 0.94 प्रतिशत, एसबीआई 0.72 प्रतिशत, एचडीएफसी बैंक 0.72 प्रतिशत, इंफोसिस 0.69 प्रतिशत, एलएंडटी 0.68 प्रतिशत, टेक महिंद्रा 0.64 प्रतिशत, टाटा मोटर्स 0.64 प्रतिशत, पावरग्रिड 0.63 प्रतिशत, अल्ट्राटेक सीमेंट 0.55 प्रतिशत, बजाज फिनसर्व 0.54 प्रतिशत, आईसीआईसीआई बैंक 0.42 प्रतिशत, बजाज फाइनेंस 0.31 प्रतिशत और आईटीसी के शेयर 0.22 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुए।

    लाल निशान में बंद हुए सेंसेक्स के सभी शेयर
    वहीं दूसरी ओर ट्रेंट के शेयर में 1.12 प्रतिशत, एक्सिस बैंक 0.85 प्रतिशत, मारुति सुजुकी 0.81 प्रतिशत, हिंदुस्तान यूनिलीवर 0.72 प्रतिशत, सनफार्मा 0.41 प्रतिशत, टाटा स्टील 0.28 प्रतिशत, रिलायंस इंडस्ट्रीज 0.16 प्रतिशत, टीसीएस 0.16 प्रतिशत, भारती एयरटेल 0.11 प्रतिशत, एचसीएल टेक 0.11 प्रतिशत और महिंद्रा एंड महिंद्रा के शेयर में 0.10 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।

    लाडली राहा के लिए रेस में भागे रणबीर कपूर, मुड़ा पैर तो…’ रामायण की ‘कौशल्या’ ने बताया कैसे पिता हैं अभिनेता

    रणबीर कपूर अपनी अपकमिंग फिल्म को लेकर इन दिनों खूब सुर्खियां बटोर रहे हैं, जो अगले साल यानी 2026 में सिनेमाघरों में रिलीज होगी। इस बीच अभिनेता के साथ रामायण में काम कर रहीं उनकी को-स्टार ने बताया कि रणबीर कपूर रियल लाइफ में कैसे पिता हैं।नितेश तिवारी की ‘रामायण’ में रणबीर कपूर प्रभु श्रीराम की भूमिका निभा रहे हैं और उनके अपोजिट साई पल्लवी माता सीता की भूमिका में नजर आएंगी। इस फिल्म में दिग्गज अभिनेत्री इंदिरा कृष्णन भी अहम भूमिका में हैं। रामायण में इंदिरा श्रीराम की माता यानी ‘कौशल्या’ की भूमिका में नजर आएंगी। इस बीच उन्होंने रामायण में काम करने के अपने एक्सपीरियंस और को-स्टार रणबीर कपूर के बारे में बात की। उन्होंने बताया कि रणबीर रियल लाइफ में कैसे पिता हैं और राहा के साथ कैसी बॉन्डिंग शेयर करते हैं।रणबीर कपूर के बारे में क्या बोलीं इंदिरा कृष्णन
    एनडीटीवी से बात करते हुए इंदिरा कृष्णन ने रणबीर कपूर के बारे में बात की और अभिनेता के साथ काम करने का अपना एक्सपीरियंस शेयर किया। उन्होंने रणबीर कपूर को अपना पसंदीदा को-स्टार बताया और अभिनेता की जमकर तारीफ की और कहा – ‘रणबीर पूरी कोशिश करते थे कि मैं सेट पर कम्फर्टेबल रहूं। मैं जब बैठती, वह मेरे लिए चेयर खींचते। रोज हाल-चाल पूछते और बातें भी करते थे। मैंने कभी उन्हें इतना बड़ा स्टार होने के बाद भी स्टार वाला व्यवहार करते नहीं देखा।’

    जब लंगड़ाते हुए शूटिंग सेट पर पहुंचे रणबीर
    इंदिरा ने रणबीर कपूर से जुड़ा किस्सा शेयर किया, जब वह लंगड़ाते हुए शूटिंग के लिए पहुंचे थे। चिंतित होकर उन्होंने जब उनसे पूछा कि क्या हुआ था तो रणबीर ने मुस्कुराते हुए जवाब दिया, “एक रेस थी, इंदिरा जी… मैं राहा के लिए दौड़ा। और मैं फर्स्ट आया।” अभिनेत्री ने बताया कि रेस के दौरान रणबीर की मसल भी खिंच गई, इसके बाद भी वह जीत गए। यही नहीं, दूसरे दिन वह शूटिंग पर भी पहुंचे, जैसे कुछ हुआ ही नहीं। इंदिरा कहती हैं- ‘रणबीर कुछ भी होने से पहले, एक पिता हैं।’

    राहा को देखते ही चमक उठती हैं रणबीर की आंखें
    इससे पहले रणबीर की बहन रिद्धिमा ने बताया था कि कैसे राहा को देखते ही रणबीर की आंखें खुशी से चमक उठती हैं। रिद्धिमा ने बॉम्बे टाइम्स के साथ बातचीत के दौरान भाई रणबीर के बारे में बात की थी और कहा था- ‘राहा को देखकर रणबीर की आंखें चमक उठती हैं। हो सकता है कि वह मेरे पिता या मेरी तरह एक्सप्रेसिव न हो, लेकिन जब वह कैमरे के सामने होता है और अब जब वह राहा के साथ होता है, तो वह सबसे अधिक एक्सप्रेसिव होता है। नहीं तो, वो अपने आप में ही रहता है।

    वैभव सूर्यवंशी ने इंग्लैंड में रचा इतिहास, इस मामले में तोड़ा भारतीय कप्तान का रिकॉर्ड

    इंग्लैंड के खिलाफ हाल ही में समाप्त हुई यूथ वनडे सीरीज में वैभव सूर्यवंशी ने बल्ले से शानदार प्रदर्शन किया। पांच मैचों की इस सीरीज में वह टॉप रन स्कोरर रहे।भारत की अंडर-19 टीम इस वक्त इंग्लैंड दौरे पर है। दोनों टीमों के बीच हाल ही में पांच मैचों की यूथ वनडे सीरीज खेली गई, जिसे टीम इंडिया ने 3-2 से अपने नाम किया। इस सीरीज में भारत के टॉप परफॉर्मर वैभव सूर्यवंशी रहे, जिन्होंने इन पांच मैचों में खूब रन बनाए। इस सीरीज में उन्होंने 71 के औसत और 174.01 के स्ट्राइक रेट से 355 रन बना दिए। इसके साथ ही वैभव ने एक नया इतिहास रच दिया है। उन्होंने अंडर 19 यूथ ODI सीरीज में रन बनाने के मामले में शुभमन गिल को पीछे छोड़ दिया है।

    वैभव सूर्यवंशी ने शुभमन गिल का रिकॉर्ड तोड़ा
    अंडर-19 यूथ वनडे सीरीज में सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड टीम इंडिया के वैभव सूर्यवंशी के नाम जुड़ गया है। इससे पहले ये रिकॉर्ड शुभमन गिल के नाम था, उन्होंने साल 2017 में इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज में 351 रन बनाए थे। लिस्ट में तीसरे नंबर पर अंबाती रायुडू का नाम है, उन्होंने 2002 में इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज में 291 रन बनाए थे। लिस्ट में चौथे नंबर पर फिर से शुभमन गिल हैं, उन्होंने 2017 में इंग्लैंड के खिलाफ 278 रन बनाए थे। वहीं 244 रनों के साथ आदित्य श्रीकांत लिस्ट में पांचवें नंबर पर हैं।

    यूथ वनडे सीरीज में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाज

    355 वैभव सूर्यवंशी बनाम इंग्लैंड, 2025
    351 शुभमन गिल बनाम इंग्लैंड, 2017
    291 अंबाती रायडू बनाम इंग्लैंड, 2002
    278 शुभमन गिल बनाम इंग्लैंड, 2017
    244 आदित्य श्रीकांत बनाम इंग्लैंड, 2005
    वैभव सूर्यवंशी ने 52 गेंदों में जड़ा था शतक
    इंग्लैंड के खिलाफ हाल ही में समाप्त हुई यूथ वनडे सीरीज के चौथे मैच में वैभव सूर्यवंशी ने 52 गेंदों में रिकॉर्ड तोड़ शतक लगाया था। यह यूथ वनडे में अभी तक का सबसे तेज शतक था। इसके साथ ही उन्होंने इस सीरीज में 20 गेंदों में अर्धशतक भी लगाया था। वह यूथ वनडे में दूसरा सबसे तेज अर्धशतक लगाने वाले बल्लेबाज बन गए। इससे पहले वह आईपीएल 2025 में खेलते हुए नजर आए थे। वहां उन्होंने 7 मैचों की 7 पारियों में 206.55 के स्ट्राइक रेट से 255 रन बनाए थे। इस दौरान उनके बल्ले से एक शतकीय और एक अर्धशतकीय पारियां देखने को मिली। अब वैभव सूर्यवंशी की नजरें आगामी दो यूथ टेस्ट मैच पर टिकी हैं, जो 12 जुलाई से शुरू होगी।

    कृषि मंत्री शिवराज सिंह का बड़ा ऐलान, कहा- ‘किसानों के साथ धोखा हुआ, उन्हें राहत और मुआवजा मिलना चाहिए

    कृषि मंत्री ने स्वीकार किया कि किसानों के साथ धोखा हुआ है। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि किसानों को राहत और मुआवजा मिलना चाहिए। उन्होंने अपनी जिम्मेदारी स्वीकार करते हुए कहा कि किसानों को न्याय दिलाना उनका कर्तव्य है।केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह ने स्वीकार किया है कि किसानों के साथ धोखा हुआ है। उन्होंने बताया कि कई किसानों ने सोयाबीन बोया था, लेकिन बीज अंकुरित नहीं हुए। किसानों के साथ धोखा हुआ है। इसके बाद उन्होंने कहा कि किसानों को राहत और मुआवजा मिलना चाहिए और अंत में उन्होंने किसानों को न्याय दिलाने की बात कही। शिवराज ने कहा कि वह पूरे मामले की जांच कराएंगे और अगर कोई दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

    रविवार (6 जुलाई) को शिवराज सिंह अपने गृह नगर विदिशा में थे। यहां उन्होंने किसानों के खेत देखे, जहां सोयाबीय बोया गया था, लेकिन सभी बीज अंकुरित नहीं हुए। इससे किसानों को नुकसान हुआ है।

    शिवराज का बयान
    केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा, “कई किसानों ने सोयाबीन बोया था, लेकिन बीज अंकुरित नहीं हुए। आज किसानों ने मुझसे इस बारे में शिकायत की है। मैंने यहां बीज भी देखे हैं। कई बीज अंकुरित नहीं हुए हैं। किसानों के साथ धोखा हुआ है। हम इस मामले की जांच करेंगे। अगर हम इस मामले की जड़ तक पहुंचेंगे और अगर कोई दोषी पाया जाएगा तो दोषियों को सजा दी जाएगी। प्रभावित किसानों को राहत और मुआवजा दिया जाना चाहिए। किसानों को न्याय दिलाना हमारा कर्तव्य है।”

    दोषी कंपनियों पर होगी कार्रवाई
    शिवराज सिंह ने कहा कि क्षेत्र के सांसद और विधायक को साथ लेकर किसान उनके पास पहुंचे थे। किसानों ने बताया कि कई खेतों में सोयाबीन नहीं उगा है। इसके बाद शिवराज सिंह किसानों के बीच पहुंचे। उन्होंने कई खेतों में बोए हुए बीज भी निकालकर देखे, जिनमें अंकुरण नहीं हुआ था। मीडिया से बात करते समय ये बीज शिवराज सिंह के हाथ में थे। शिवराज ने कहा कि वह पूरे मामले की जांच कराएंगे कि ये बीज कहां से आए। किस कंपनी ने दिए या फिर किस सोसायटी से आए। इसके बाद अगर कोई दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। इसके साथ शिवराज ने कहा कि सरकार किसानों को राहत और मुआवजा दिलाएगी। हालांकि, इससे पहले जांच होगी और उसके आधार पर ही मुआवजे की राशि और समय तय किया जाएगा।

    लुधियाना में उद्योगपतियों से मिले मुख्यमंत्री मोहन यादव, निवेश के लिए दिया आमंत्रण

    मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने लुधियाना में उद्योगपतियों से मुलाकात की और उन्हें निवेश के लिए आमंत्रण दिया है। सीएम ने उद्योगपतियों को आश्वासन दिया कि जहां संभावना दिखती है, वहां नियम बदलने से नहीं हिचकिचाएंगे।मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को लुधियाना स्थित वर्धमान औद्योगिक परिसर में पंजाब के प्रमुख उद्योगपतियों से भेंट की और उन्हें मध्यप्रदेश की समावेशी, उदार और निवेश-अनुकूल नीतियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार न केवल उद्योग लगाने और निवेश बढ़ाने के लिए तैयार है, बल्कि यदि किसी सेक्टर में संभावना दिखती है, तो वहां आवश्यकतानुसार नियमों में परिवर्तन भी किया जाएगा।

    गारमेंट और टेक्सटाइल सेक्टर के लिए विशेष अवसर- CM
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में गारमेंट और टेक्सटाइल सेक्टर के लिए विशेष अवसर उपलब्ध हैं और राज्य सरकार इस दिशा में गंभीर प्रयास कर रही है। उन्होंने बताया कि इंदौर की हुकुमचंद मिल को पुनर्जीवित करने की दिशा में कार्य हो रहा है और मजदूरों के हितों को प्राथमिकता देते हुए सौ करोड़ रु. से अधिक के सेटलमेंट क्लियर किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि निवेशकों और श्रमिकों के साथ सरकार की प्रतिबद्धता हर स्तर पर बनी रहेगी। उन्होंने बताया कि ग्वालियर की जेसी मिल और उज्जैन की हीरा मिल के मामले में भी राज्य सरकार ने सह्रदयता से निर्णय किये है।

    नीतियों में बदलाव को तैयार- CM मोहन
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सरकार उद्योगपतियों के हित में निर्णय लेने के लिए कैबिनेट स्तर पर नीतियों में बदलाव को भी तैयार है। उन्होंने निवेशकों से आग्रह किया कि वे मध्यप्रदेश में आकर संभावनाओं को देखें और राज्य की गतिशीलता, शांति और संसाधनों का लाभ उठाएं। उन्होंने बताया कि राज्य में टेक्सटॉइल, एग्री बेस्ड इंडस्ट्री, इंजीनियरिंग गुड्स, स्टील प्रोसेसिंग, रिन्यूएबल एनर्जी और आईटी जैसे सेक्टरों में व्यापक अवसर उपलब्ध हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उद्योगपतियों से यह भी कहा कि मध्यप्रदेश केवल निवेश के लिए नहीं, बल्कि एक जनकल्याणकारी राज्य के रूप में भी तेजी से पहचान बना रहा है। उन्होंने बताया कि गरीब तबके के लिए एयर एंबुलेंस सेवा और राहगीर सेवा योजना जैसी अभिनव योजना क्रियान्वित की जा रही हैं। इन योजनाओं की उद्योगपतियों ने सराहना करते हुए कहा कि इस स्तर की सोच और संवेदनशीलता शायद ही किसी अन्य राज्य में दिखती हो।

    CM मोहन से मिले ये उद्योगपति
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव से वर्धमान ग्रुप के एमडी नीरज जैन, राल्सन इंडिया लिमिटेड के चेयरमेन संजीव पहवा, कंगारू इंडस्ट्रीज के एमडी अंबरीश जैन, टीके स्टील रोलिंग मिल्स प्राइवेट लिमिटेड के एमडी लोकेश जैन, रजनीश इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक राहुल आहूजा, फार्मपार्ट्स कंपनी के उपाध्यक्ष जे.एस. भोगल, सीआईसीयू के अध्यक्ष उपकार सिंह आहूजा, कमल (सरजवन होजरी) के प्रतिनिधि सुदर्शन जैन और अरुण जैन सहित विभिन्न सेक्टर के उद्योगपतियों ने मुलाकात की।

    उद्योगपतियों ने की CM मोहन की सराहना
    बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह भी बताया कि मध्यप्रदेश में बिजली दरें प्रतिस्पर्धी हैं और नियम संबंधी प्रक्रियाओं को सरल और निवेशक-अनुकूल बनाया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदेश में सोलर और पॉवर सेक्टर में भी बड़े प्रोजेक्ट आ रहे हैं। केंद्र सरकार के स्तर पर कोई पर्यावरणीय क्लियरेंस लंबित है, तो मध्यप्रदेश सरकार अपने स्तर पर उसे शीघ्र दिलाने का भी प्रयास करेगी। उद्योगपतियों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव की नीति स्पष्टता, निर्णय क्षमता और कार्य के प्रति तत्परता की सराहना करते हुए कहा कि देश के सबसे भरोसेमंद और निवेश के योग्य राज्यों में मध्यप्रदेश शामिल हो गया है।

    दिल्ली की हवा लगातार 11वें दिन सबसे साफ रही, जानिए सोमवार को कैसा रहेगा मौसम?

    केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार, दिल्ली में रविवार को शाम चार बजे एक्यूआई 76 दर्ज किया गया। राजधानी में 25 जून को एक्यूआई 134 (मध्यम श्रेणी) दर्ज किया गया था, जो 26 जून को गिरकर 94 (संतोषजनक) पर पहुंच गया और इसके बाद से पिछले 11 दिनों से यह 100 से नीचे ही बना हुआ है।नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी की हवा फेंफड़ों को राहत देने वाली है। पिछले 11 दिनों से लगातार दिल्ली की हवा साफ बनी हुई है। वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) रविवार को लगातार 11वें दिन ‘संतोषजनक’ श्रेणी में रहा, जो इस साल अब तक का सबसे साफ मौसम है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार, दिल्ली में रविवार को शाम चार बजे एक्यूआई 76 दर्ज किया गया। राजधानी में 25 जून को एक्यूआई 134 (मध्यम श्रेणी) दर्ज किया गया था, जो 26 जून को गिरकर 94 (संतोषजनक) पर पहुंच गया और इसके बाद से पिछले 11 दिनों से यह 100 से नीचे ही बना हुआ है।

    सीपीसीबी के अनुसार, शून्य से 50 के बीच एक्यूआई को ‘अच्छा’, 51 और 100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101 और 200 के बीच ‘मध्यम’, 201 और 300 के बीच ‘खराब’, 301 और 400 के बीच ‘बहुत खराब’ और 401 तथा 500 के बीच एक्यूआई ‘गंभीर’ माना जाता है। दिल्ली में रविवार को अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस मौसम के औसत तापमान से 0.5 डिग्री अधिक है। वहीं, राजधानी में न्यूनतम तापमान 28.8 डिग्री सेल्सियस रहा।

    अधिकतम तापमान सामान्य से कम
    राजधानी में शाम साढ़े पांच बजे सापेक्ष आर्द्रता का स्तर 83 प्रतिशत दर्ज किया गया। इस बीच, राजधानी के अधिकांश हिस्सों में रविवार को अधिकतम तापमान सामान्य से कम दर्ज किया गया। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) की ओर से जारी रिपोर्ट में कहा गया कि राजधानी के मौसम केंद्र सफदरजंग में तापमान 35 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि पालम अपेक्षाकृत ठंडा रहा और यहां तापमान 33. 5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य तापमान से 3.9 डिग्री कम और पिछले दिन से तीन डिग्री कम था।

    सोमवार को बारिश का येलो अलर्ट
    दिल्ली के हिस्सों में शनिवार से मध्यम बारिश हुई है। आयानगर में रविवार सुबह साढ़े आठ बजे तक 24 घंटे में सबसे अधिक 11.7 मिमी बारिश हुई। वहीं, पालम में 20.9 मिमी, लोदी रोड में 1.5 मिमी और सफदरजंग में 0.8 मिमी बारिश हुई। आईएमडी ने राजधानी में सोमवार के लिए भी येलो अलर्ट जारी किया है, जिसमें गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। इसमें कहा गया कि दिल्ली में सोमवार को अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमश: 33 डिग्री सेल्सियस और 26 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का पूर्वानुमान है।