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    मध्य प्रदेश के 10 हजार होमगार्ड को हाई कोर्ट से बड़ी राहत, कॉल ऑफ प्रक्रिया खत्म; वेतन भी देने का आदेश

    मध्य प्रदेश के होमगार्ड्स को हाई कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। कोर्ट ने कॉल ऑफ प्रक्रिया को खत्म करते हुए वेतन देने का आदेश दिया है।भोपालः मध्य प्रदेश के करीब 10 हजार होमगार्ड सैनिकों को हाई कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। हाई कोर्ट ने होमगार्ड सैनिकों की कॉल ऑफ प्रक्रिया को खत्म कर दिया है। अदालत ने 2020 से कॉल ऑफ किए गए होमगार्ड्स का वेतन भी देने का आदेश दिया है। अब होमगार्ड्स को पूरे 12 माह काम और वेतन मिलेगा। पहले 10 महीने ही मिलता था काम

    अब तक होमगार्ड जवानों से साल भर में 10 महीने ही काम लिया जाता था। मध्य प्रदेश के होमगार्ड दो माह बेरोजगारों जैसी जिंदगी गुजारने मजबूर थे। लंबे समय से होमगार्ड कानूनी लड़ाई लड़ रहे थे। हाई कोर्ट में करीब 500 याचिकाएं दायर की गई थी। करीब 9 हजार होमगार्ड सैनिक़ों की ओर से ये याचिकाएं दायर की गई थी।

    याचिकाकर्ताओं के वकील विकास महावर ने कहा कि,“यह फैसला हजारों होमगार्ड सैनिकों के जीवन को स्थिरता देगा। अब उन्हें सालभर काम और वेतन मिलेगा। यह फैसला प्रदेशभर के होमगार्ड सैनिकों के लिए एक बड़ी जीत माना जा रहा है।

    लंबे समय से कोर्ट में चल रहा था मामला

    बता दें कि 2011 में दायर एक याचिका की सुनवाई करते हुए मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने राज्य सरकार से होमगार्डों के लिए सेवा नियम बनाने को कहा था और कहा था कि उनकी सेवाओं में कोई अंतराल नहीं होना चाहिए। राज्य सरकार ने इस आदेश के खिलाफ सर्वोच्च न्यायालय में अपील की थी, लेकिन सर्वोच्च न्यायालय ने उच्च न्यायालय द्वारा पारित आदेश को बरकरार रखा था।

    राज्य सरकार ने 2016 में होमगार्डों के लिए सेवा नियम बनाए और हर साल दो महीने की अनिवार्य “कॉल ऑफ” अवधि का प्रावधान किया। हर साल “कॉल ऑफ” अवधि के प्रावधान के खिलाफ मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय में कई याचिकाएं दायर की गईं। 2022 में हर साल दी जाने वाली “कॉल ऑफ” अवधि को बदलकर हर तीन साल में दो महीने की “कॉल ऑफ” अवधि कर दिया गया। इस आदेश को फिर से अदालत में चुनौती दी गई, जिसने आदेश पर रोक लगा दी।

    बरकतउल्ला विश्वविद्यालय, भोपाल | 26 सितम्बर 2025

    भोपाल के बरकतउल्ला विश्वविद्यालय के हेलीपैड मैदान पर आज विज्ञान का ऐसा मेला सजा कि लोगों ने कहा – “ये सिर्फ मेला नहीं, ज्ञान का धमाका है!”

    सुबह से ही मैदान में विद्यार्थियों, अध्यापकों और आम जनता का रेला उमड़ पड़ा। जैसे-जैसे सूरज सिर पर आया, स्टॉलों और मॉडल-प्रदर्शनों के सामने भीड़ बढ़ती गई। बच्चे अपने हाथों से बनाए विज्ञान मॉडल दिखा रहे थे — कहीं सौर ऊर्जा से चलने वाली कार, कहीं जल शुद्धिकरण की मशीन, तो कहीं रोबोटिक आर्म। हर स्टॉल के सामने तालियाँ और सवालों की बरसात हो रही थी।

    हेलीपैड मैदान में जश्न का माहौल

    मैदान के चारों ओर रंग-बिरंगे पोस्टर, बैनर और मंचों की रोशनी से माहौल उत्सव जैसा लग रहा था। सुरक्षा के कड़े इंतज़ाम रहे, पुलिस और वॉलंटियर्स लगातार भीड़ को नियंत्रित करते दिखे।

    आयोजकों का दावा है कि इस बार का विज्ञान मेला अब तक का सबसे बड़ा है। अगले दो दिनों तक और भी आकर्षक कार्यक्रम होंगे — जिनमें विज्ञान क्विज़, लाइव डेमो और वैज्ञानिकों से सवाल-जवाब शामिल हैं।

    सोना हो गया सस्ता, MCX पर प्रति 10 ग्राम भाव इतने पर पहुंचा, जानें महानगरों में कितना है रेट

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    नवरात्र के दौरान सोने-चांदी की कीमतों में काफी हलचल देखने को मिल रहा है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर सोने का वायदा भाव काफी उतार-चढ़ाव से गुजर रहा है।घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में गुरुवार को सोने की कीमतों में गिरावट देखी गई, जबकि चांदी के वायदा भाव में मजबूती आई। अमेरिका से आने वाले अहम मुद्रास्फीति आंकड़ों को लेकर निवेशक सतर्क नजर आए, जिसका असर इस व्यापारिक उतार-चढ़ाव में साफ देखा गया। पीटीआई की खबर के मुताबिक, मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर अक्टूबर डिलीवरी के लिए सोने का वायदा ₹125 यानी 0.11% गिरकर ₹1,12,430 प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ। दिसंबर अनुबंध भी ₹147 या 0.13% की गिरावट के साथ ₹1,13,500 प्रति 10 ग्राम रह गया।चांदी के वायदा भाव में तेजी
    खबर के मुताबिक, चांदी के वायदा भाव में बढ़ोतरी हुई। दिसंबर डिलीवरी के लिए चांदी ₹124 या 0.09% बढ़कर ₹1,34,126 प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई, जबकि मार्च 2026 का अनुबंध ₹147 या 0.11% की तेजी के साथ ₹1,35,563 प्रति किलोग्राम पर कारोबार करता रहा। वैश्विक बाजार में भी सोने और चांदी के वायदा भाव क्रमशः $3,768.50 और $44.19 प्रति औंस के स्थिर स्तर पर ट्रेड कर रहे थे।

    क्या कहते हैं एक्सपर्ट
    विश्लेषकों का कहना है कि अमेरिकी केंद्रीय बैंक (फेडरल रिजर्व) द्वारा इस साल दो बार ब्याज दरें कम करने की उम्मीदों ने डॉलर की मजबूती को सीमित किया है, जिससे सोने को $3,750 के स्तर के आसपास स्थिरता मिली है। इसके अलावा, रूस-यूक्रेन युद्ध और मध्य पूर्व के भू-राजनीतिक तनावों ने सोने की सुरक्षित निवेश की मांग को बढ़ावा दिया है। रिलायंस सिक्योरिटीज के वरिष्ठ शोध विश्लेषक जिगर त्रिवेदी ने बताया कि अमेरिकी व्यापक आर्थिक आंकड़ों ने बाजार की दिशा को जटिल बना दिया है।

    अगस्त में नए घरों की बिक्री में अप्रत्याशित तेजी ने आर्थिक मंदी की चिंताएं कम की हैं, जिससे फेड की अतिरिक्त राहत की उम्मीदें कमजोर हुई हैं। वहीं, फेड अध्यक्ष जेरोम पॉवेल ने भी मुद्रास्फीति और धीमे श्रम बाजार के बीच संतुलन बनाने की चुनौती को रेखांकित करते हुए सतर्कता बरती है। नीति निर्धारकों के बीच ब्याज दरों में कटौती की गति को लेकर मतभेद जारी हैं।

    चार महानगरों में सोने की हाजिर कीमतें आज
    देश के प्रमुख बाजारों में सोने की कीमतों में मामूली अंतर देखने को मिला है। नीचे दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और चेन्नई में 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने की वर्तमान दरें दी गई हैं:

    IND vs WI: टेस्ट सीरीज के लिए टीम इंडिया की स्क्वाड का हुआ ऐलान, करुण नायर हुए बाहर; इस खिलाड़ी की हुई वापसी

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    भारतीय टीम को एशिया कप 2025 के खत्म होने के बाद घर पर 2 अक्टूबर से वेस्टइंडीज के खिलाफ दो मैचों की टेस्ट सीरीज खेलनी है, जिसको लेकर बीसीसीआई की तरफ से टीम इंडिया की स्क्वाड का ऐलान कर दिया गया है।भारतीय टीम को वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के चौथे संस्करण में अपनी अगली सीरीज घर पर 2 अक्टूबर से वेस्टइंडीज के खिलाफ खेलनी है, जिसमें दोनों टीमों के बीच 2 मैचों की सीरीज खेली जाएगी। इस टेस्ट सीरीज के लिए वेस्टइंडीज की स्क्वाड का ऐलान पहले ही कर दिया गया था तो वहीं बीसीसीआई की तरफ से टीम इंडिया की स्क्वाड का ऐलान भी कर दिया गया है, जिसमें शुभमन गिल जहां कप्तानी की जिम्मेदारी संभालते हुए दिखाई देंगे तो वहीं जसप्रीत बुमराह को भी जगह मिली है। इसके अलावा करुण नायर को स्क्वाड में शामिल नहीं किया गया है।

    देवदत्त पडिक्कल की हुई वापसी, नारायण जगदीशन को भी मिली जगह
    वेस्टइंडीज टीम के खिलाफ होने वाली 2 मैचों की टेस्ट सीरीज के लिए घोषित हुई टीम इंडिया की स्क्वाड को लेकर बात की जाए तो उसमें बाएं हाथ के बल्लेबाज देवदत्त पडिक्कल की वापसी हुई है, जिनको इंग्लैंड के खिलाफ हुई टेस्ट सीरीज के लिए स्क्वाड में शामिल नहीं किया गया था। वहीं करुण नायर जिनकी लंबे समय के बाद भारतीय टेस्ट टीम में वापसी हुई थी, उन्हें इंग्लैंड के दौरे पर खराब प्रदर्शन की वजह से वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट सीरीज के लिए स्क्वाड में शामिल नहीं किया गया है। टीम इंडिया के प्रमुख विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत जो इंग्लैंड दौरे पर चोटिल हो गए थे वह इस सीरीज के लिए अभी तक पूरी तरह फिट नहीं हो पाए हैं।

    ऋषभ पंत की गैरमौजूदगी में ध्रुव जुरेल के अलावा टीम में दूसरे विकेटकीपर के तौर पर नारायण जगदीशन को जगह मिली है, जिनको ओवल टेस्ट से ठीक पहले टीम इंडिया की स्क्वाड में शामिल किया गया था। इसके अलावा आकाश दीप को भी इस टेस्ट सीरीज के लिए टीम इंडिया की स्क्वाड में शामिल नहीं किया गया है।

    रवींद्र जडेजा को मिली उपकप्तानी की जिम्मेदारी
    टीम इंडिया के अनुभवी स्पिन ऑलराउंडर खिलाड़ी रवींद्र जडेजा को वेस्टइंडीज के खिलाफ 2 मैचों की टेस्ट सीरीज के लिए उपकप्तानी की जिम्मेदारी मिली है। इसके अलावा टीम में स्पिन गेंदबाज देखे जाएं तो उसमें वाशिंगटन सुंदर, अक्षर पटेल और कुलदीप यादव भी हैं। वहीं तेज गेंदबाजों में जसप्रीत बुमराह और मोहम्मद सिराज के अलावा प्रसिद्ध कृष्णा को भी जगह मिली है।

    वेस्टइंडीज के खिलाफ 2 मैचों की टेस्ट सीरीज के लिए टीम इंडिया की स्क्वाड
    शुभमन गिल (कप्तान), रवींद्र जडेजा (उपकप्तान), यशस्वी जयसवाल, केएल राहुल, साई सुदर्शन, देवदत्त पडिक्कल, ध्रुव जुरेल, वाशिंगटन सुंदर, जसप्रीत बुमराह, अक्षर पटेल, नीतीश कुमार रेड्डी, मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा, कुलदीप यादव, नारायण जगदीशन।

    रेलवे कर्मचारियों के लिए खुशखबरी! 78 दिनों के वेतन के बराबर बोनस मिलेगा, सरकार ने दी मंजूरी

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    रेलवे कर्मचारियों के लिए गुड न्यूज है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय कैबिनेट ने रेलवे कर्मचारियों के शानदार प्रदर्शन को देखते हुए उन्हें 78 दिनों के वेतन के बराबर प्रोडक्टिविटी लिंक्ड बोनस (पीएलबी) देने के लिए मंजूरी दे दी है। इस पर कुल ₹1865.68 करोड़ का खर्च आएगा, जिससे 10,91,146 रेलवे कर्मचारियों को लाभ होगा। प्रत्येक योग्य रेलवे कर्मचारी को अधिकतम ₹17,951 की बोनस राशि मिलेगी। रेलवे का वित्त वर्ष 2024-25 में प्रदर्शन बहुत अच्छा रहा। इस दौरान रेलवे ने 1614.90 मिलियन टन का रिकॉर्ड कार्गो लोड किया और लगभग 7.3 अरब यात्रियों को यात्रा कराई।

    किन कर्मचारियों को मिलेगा बोनस?
    योग्य रेलवे कर्मचारियों को हर साल दुर्गा पूजा/दशहरा की छुट्टियों से पहले यह बोनस दिया जाता है। इस साल भी, लगभग 10.91 लाख अराजपत्रित (नॉन-गजेटेड) रेलवे कर्मचारियों को 78 दिनों के वेतन के बराबर पीएलबी दिया जाएगा। इस बोनस का उद्देश्य रेलवे कर्मचारियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहित करना है।

    रॉबिन उथप्पा के बाद युवराज सिंह ED के सामने हुए पेश, आनलाइन सट्टेबाजी ऐप मामले में हुई पूछताछ

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    2011 वर्ल्ड कप विजेता भारतीय टीम का हिस्सा रहे युवराज सिंह प्रवर्तन निदेशालय (ED) के सामने पेश हुए। ED ने उनसे मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूछताछ की।पूर्व भारतीय ऑलराउंडर और वर्ल्ड कप विजेता क्रिकेटर युवराज सिंह से प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूछताछ की। यह मामला ऑनलाइन बेटिंग ऐप 1xBet से जुड़ा हुआ है। जानकारी के मुताबिक, युवराज 23 सितंबर को दोपहर करीब 12 बजे दिल्ली स्थित ED के दफ्तर पहुंचे, जहां उनसे पूछताछ की गई और उनका बयान दर्ज किया गया। ED ने यह कार्रवाई प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत की है। इसी केस में पूर्व क्रिकेटर सुरेश रैना, शिखर धवन और रॉबिन उथप्पा से भी पूछताछ हो चुकी है।

    ED के सामने कई क्रिकेटरों की पेशी
    आपको बता दें कि पिछले कुछ हफ्तों में ईडी इस जांच के तहत कई मशहूर हस्तियों से सवाल कर चुकी है। इनमें क्रिकेटर्स के अलावा फिल्मी हस्तियां और इन्फ्लुएंसर्स भी शामिल हैं। EC यह जानने की कोशिश कर रही है कि 1xBet कंपनी ने इन क्रिकेटरों, अभिनेताओं और इन्फ्लुएंसर्स से संपर्क कैसे किया, किसके जरिये संपर्क हुआ, भुगतान किस माध्यम से हुआ (हवाला या बैंकिंग चैनल), और भुगतान भारत में हुआ या विदेश में। साथ ही एजेंसी ने उनसे यह भी पूछा है कि क्या उन्हें जानकारी थी कि भारत में ऑनलाइन बेटिंग और गेमिंग अवैध है।

    ऑनलाइन बेटिंग ऐप के खिलाफ सरकार का बड़ा एक्शन
    एजेंसी ने सभी से उनके कॉन्ट्रैक्ट, ईमेल और अन्य डॉक्युमेंट्स की कॉपी उपलब्ध कराने को कहा है। ED यह भी जांच कर रही है कि इन हस्तियों को मिले पैसों का इस्तेमाल कहां किया गया और क्या इसे मनी लॉन्ड्रिंग के तहत प्रोसीड्स ऑफ क्राइम माना जा सकता है। जानकारी के मुताबिक, 1xBet कंपनी कुराकाओ में रजिस्टर्ड है। इसकी वेबसाइट और ऐप 70 भाषाओं में उपलब्ध है और इसमें खेलों पर करोड़ों यूजर्स दांव लगाते हैं। भारत सरकार ने हाल ही में ऑनलाइन पेमेंट के जरिए खेले जाने वाले ऑनलाइन गेमिंग को बैन कर दिया है। केंद्र सरकार ने संसद को बताया कि 2022 से जून 2025 तक कुल 1524 आदेश जारी कर ऑनलाइन बेटिंग और जुए से जुड़ी साइट्स को ब्लॉक किया गया है। भारत में पिछले कई सालों में ऑनलाइन गेमिंग ऐप का बाजार बहुत तेजी से बढ़ा था। हालांकि, सरकारा द्वारा कड़े कदम उठाए जाने के बाद अब इन ऐप्स पर रोक लग गई है।

    इंदौर: रानीपुरा में भरभरा कर गिरा बहुमंजिला मकान, हादसे में 2 लोगों की मौत, देखें वीडियो

    इंदौर के मध्य क्षेत्र के रानीपुरा स्थित कोष्टी मोहल्ला, वार्ड क्रमांक 60 में सोमवार की रात लगभग पौने दस बजे एक बड़ा हादसा हुआ, जब जवाहर मार्ग पार्किंग के पास स्थित एक पांच मंजिला मकान अचानक भरभरा कर गिर गया। घटना सेंट्रल कोतवाली थाना क्षेत्र में हुई, जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। हादसे में कई लोगों के दबे होने की आशंका है। ताजा खबर के मुताबिक, हादसे में 2 लोगों की मौत हो चुकी है। राहत और बचाव कार्य जारी है।
    प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, इमारत में छह लोगों के दबे होने की आशंका जताई गई थी। राहत की बात यह रही कि हादसे के वक्त अधिकतर लोग घर से बाहर निकले हुए थे, जिससे एक बड़े नुकसान से बचाव हो गया। फिर भी कुछ लोग मलबे में दब गए हैं, जिन्हें स्थानीय प्रशासन, पुलिस, फायर ब्रिगेड, एनडीआरएफ और नगर निगम की संयुक्त टीमों द्वारा तत्परता से बाहर निकाला जा रहा है। घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है।सभी घायलों का इलाज जारी

    डॉक्टरों के अनुसार, सभी घायल फिलहाल सुरक्षित हैं। बताया जा रहा है कि लगातार बारिश के चलते इमारत में दरारें आ गई थीं, जो इस हादसे की मुख्य वजह मानी जा रही है। हादसे की सूचना मिलते ही इंदौर के महापौर पुष्यमित्र भार्गव, पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह और कलेक्टर शिवम वर्मा मौके पर पहुंचे और राहत कार्यों की निगरानी शुरू की। नगर निगम, जिला प्रशासन और एनडीआरएफ की टीमें पूरी तत्परता से मलबा हटाने और बचाव कार्य में जुटी हुई हैं।

    सामने आई बिल्डिंग गिरने की वजह

    स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि बिल्डिंग की हालत पहले से ही खराब थी और बीते कुछ दिनों से उसमें दरारें भी नजर आ रही थीं, लेकिन इस स्तर की दुर्घटना की किसी को उम्मीद नहीं थी। फिलहाल मलबा हटाने का काम युद्धस्तर पर जारी है और मौके पर मौजूद अधिकारी हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। प्रशासन ने आसपास के अन्य जर्जर भवनों की भी जांच शुरू कर दी है ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।

    एशिया कप में अब किससे भिड़ेगी टीम इंडिया, कब- कहां और कितने बजे से शुरू होगा मुकाबला

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    पाकिस्तान को एशिय कप के सुपर 4 में हराने के बाद अब टीम इंडिया अपने अगले मैच के लिए तैयार हो रही है। भारत को अभी फाइनल से पहले बांग्लादेश और पाकिस्तान से भी मैच खेलना है।एशिया कप के लीग चरण में तो टीम इंडिया ने अपने तीन के तीन मैच जीत लिए थे, इसके बाद अब जब सुपर 4 के मैच शुरू हुए तो उसमें भी पहले ही मैच में टीम इंडिया ने पाकिस्तान को पीटने का काम किया। भारतीय टीम जिस तरह का खेल दिखा रही है, उसके बाद उसे खिताब जीतने का भी प्रबल दावेदार माना जा रहा है। हालांकि फाइनल से पहले भारतीय टीम को अभी दो और मैच खेलने हैं, जहां जीत जरूरी होगी। चलिए आपको बताते हैं कि टीम इंडिया अब अगला मैच किसके खिलाफ खेलेगी। ये मैच कब होगा और कहां खेला जाएगा। साथ ही मैच की टाइमिंग क्या होने वाली है। सुपर 4 में अब बांग्लादेश से होगी टीम इंडिया की टक्कर
    पाकिस्तान को बुरी तरह से हराने के बाद टीम इंडिया अब सुपर 4 के अपने दूसरे मैच में बांग्लादेश से भिड़ती हुई नजर आएगी। भारत और बांग्लादेश के बीच मुकाबला 24 सितंबर यानी दिन बुधवार को खेला जाएगा। ये मैच भी दुबई के इंटरनेशनल स्टेडियम पर होना है। साथ ही मैच पहले की ही तरह आठ बजे से शुरू होगा। जिस तरह से भारतीय टीम अपना पहला सुपर 4 के मैच में पाकिस्तान से जीत गया है और उसके पास दो अंक हैं, उसी तरह से बांग्लादेश ने भी सुपर 4 में श्रीलंका को हराया है, यानी उसके भी पास दो अंक हैं। अगला मैच जो भी टीम जीतेगी, उसके पास चार अंक हो जाएंंगे और टीम फाइनल के बेहद करीब पहुंच जाएगी।

    26 सितंबर को खेला जाएगा भारत बनाम श्रीलंका मुकाबला
    इसके बाद सुपर 4 के आखिरी लीग मैच में टीम इंडिया 26 सितंबर को श्रीलंका से भिड़ती हुई नजर आएगी। ये मैच दुबई में ही होगा और उसका भी वक्त शाम आठ बजे से है। तब तक श्रीलंका और भारत की स्थिति काफी हद तक साफ हो चुकी होगी। हो सकता है कि ये मैच दोनों टीमों के लिए अहम हो जाए। लेकिन भारतीय टीम की कोशिश होगी कि इसेस पहले ही बांग्लादेश को बड़े अंतर से हराया जाए, ता​कि उसकी फाइनल की सीट पहले ही पक्की हो जाए। इसके बाद खेला जाएगा, इस साल के एशिया कप का आखिरी यानी फाइनल मैच। 28 सितंबर को तय हो जाएगा कि इस साल का एशिया कप कौन सी टीम अपने नाम करेगी। यानी फाइनल से पहले भारतीय टीम को बांग्लादेश और श्रीलंका से भी भिड़ना होगा। खास बात ये है कि इन्हीं में से कोई एक टीम उसे फाइनल में भी मिल जाएगी।

    अयोध्या में राम मुस्कुरा सकते हैं, तो कृष्ण क्यों नहीं?’, मथुरा में CM मोहन यादव का बयान

    मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव एक कार्यक्रम में भाग लेने मथुरा के वृंदावन पहुंचे थे। यहां उन्होंने कहा कि अयोध्या में राम मुस्कुरा सकते हैं, तो कृष्ण क्यों नहीं?मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने यूपी के मथुरा में एक कार्यक्रम में बड़ा बयान दे दिया है। सीएम मोहम यादव ने कहा है कि यदि भगवान राम अयोध्या में मुस्कुरा सकते हैं, तो कृष्ण क्यों नहीं? मोहन यादव के इस बयान को मथुरा में स्थित श्रीकृष्ण जन्मभूमि के मामले से जोड़कर देखा जा रहा है। बता दें कि शाही ईदगाह मस्जिद -श्रीकृष्ण जन्मभूमि का विवाद कोर्ट में लंबित है। आइए जानते हैं कि सीएम मोहन यादव ने इस बारे में और क्या कहा है।

    भागवत कथा में वृंदावन पहुंचे सीएम मोहन
    दरअसल, मध्य प्रदेश के कैबिनेट मंत्री राकेश शर्मा ने वृंदावन में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता और शहीदों की स्मृति में केशव धाम में भागवत कथा का आयोजन कराया था। इसके समापन समारोह में शामिल होने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव भी पहुंचे। यहां सीएम मोहन यादव ने इशारों में श्रीकृष्ण जन्मभूमि को लेकर विचार साझा किया।

    क्या बोले सीएम मोहन?
    सीएम मोहन यादव ने कहा- ”हमने अयोध्या में रामलला को मुस्कुराते हुए देखा है। यह बदलता युग है। जब राम लला मुस्कुरा रहे हैं, तो क्या गलत है, कृष्ण कन्हैया भी मुस्कुराएं। यह भी आनंद आना चाहिए। ध्वनि चारों दिशाओं से आ रही है। जो बहरे हैं वे अपने कान ठीक कर लें, जिनकी आंखों में समस्या है वे साफ देख लें। हम ज़्यादा दूर नहीं हैं।” मोहन यादव ने सीधे तौर पर नाम नहीं लिया लेकिन उनका ये बयान शाही ईदगाह मस्जिद-श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद से जोड़कर देखा जा रहा है।

    क्या है पूरा विवाद?
    आपको बता दें कि मथुरा में शाही ईदगाह मस्जिद-श्रीकृष्ण जन्मभूमि को लेकर बीते कुछ समय से विवाद बढ़ गया है। ये मामला इलाहाबाद हाई कोर्ट में लंबित है। हिंदू पक्ष की ओर से शाही ईदगाह मस्जिद को हटाने और जमीन पर कब्जे की मांग की जा रही है। वहीं मुस्लिम पक्ष की ओर से साल 1968 में हुए समझौते और उपासना स्थल अधिनियम 1991 का हवाला देकर मस्जिद की कानूनी वैधता का दावा किया जा रहा है।

    PoK अपने आप भारत में आएगा’, मोरक्को की धरती से राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान को दिया कड़ा संदेश

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    भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 21 सितंबर को मोरक्को के रबात में भारतीय समुदाय के साथ बातचीत की है। इस दौरान उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर से लेकर अर्थव्यवस्था, प्रौद्योगिकी, स्टार्टअप, डिजिटल क्रांति और रक्षा के क्षेत्र आदि के बारे में कई अहम बातें कही हैं।भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह दो दिनों के लिए मोरक्को की यात्रा पर हैं। किसी भारतीय रक्षा मंत्री की ये पहली मोरक्को यात्रा है। राजनाथ सिंह मोरक्को में टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स की विनिर्माण इकाई का उद्घाटन करने पहुंचे हैं। रक्षा मंत्रालय की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, यह इकाई अफ्रीका में पहला भारतीय रक्षा विनिर्माण संयंत्र है। वह यहां पर अपने समकक्ष अब्देलतीफ लौदियी के साथ द्विपक्षीय बैठक भी करेंगे। राजनाथ सिंह ने मोरक्को की राजधानी रबात में भारतीय समुदाय के लोगों को भी संबोधित किया।हमें नहीं भूलना चाहिए कि हम भारतीय हैं- राजनाथ सिंह
    मोरक्को में भारतीय समुदाय के साथ बातचीत में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा- “भारत के प्रति हमारी भक्ति, स्नेह और प्रेम स्वाभाविक है। हम दुनिया में कहीं भी हों, हमें यह कभी नहीं भूलना चाहिए कि हम भारतीय हैं। भारतीय होने के नाते, हमारी जिम्मेदारियां दूसरों से अलग हैं। अगर हम मोरक्को में आजीविका कमा रहे हैं और अपने परिवार की देखभाल कर रहे हैं, तो मोरक्को के साथ कोई विश्वासघात नहीं होना चाहिए-यह भारत का चरित्र है।”

    पीओके अपने आप भारत का होगा- राजनाथ सिंह
    मोरक्को में भारतीय समुदाय के साथ बातचीत में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा- “पीओके अपने आप हमारा होगा। पीओके में मांगें उठने लगी हैं, आपने नारे सुने होंगे। मैं 5 साल पहले कश्मीर घाटी में एक कार्यक्रम में भारतीय सेना को संबोधित कर रहा था, तब मैंने कहा था कि हमें पीओके पर हमला करके कब्जा करने की जरूरत नहीं पड़ेगी, वह वैसे भी हमारा है; पीओके खुद कहेगा, ‘मैं भी भारत हूं’। वह दिन आएगा।”

    मोरक्को में भारतीय समुदाय के साथ बातचीत में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा- “‘जिन्ह मोहि मारा, तिन्ह मोहि मारे’…इस बार भी यही हुआ। हमने उन्हीं लोगों को मारा जिन्होंने हमारे लोगों को मारा। हमने किसी नागरिक या सैन्य प्रतिष्ठान पर हमला नहीं किया। केवल भारत ही ऐसा चरित्र रख सकता है। अगर हम चाहते तो किसी भी सैन्य या नागरिक प्रतिष्ठान पर हमला कर सकते थे, लेकिन हमने ऐसा नहीं किया। हमें भारत के इस चरित्र को कायम रखना चाहिए।” राजनाथ सिंह ने कहा- “आतंकवादी यहां आए और हमारे नागरिकों का धर्म पूछकर उन्हें मार डाला। हमने किसी का धर्म देख नहीं, उनका कर्म देख कर मारा है।”

    भारतीय समुदाय के साथ बातचीत में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा- “दूसरा भाग बाकी है या तीसरा, हम नहीं कह सकते। यह उनके (पाकिस्तान के) आचरण पर निर्भर करता है। अगर वे आतंकवादी गतिविधियों में लिप्त होते हैं, तो उन्हें जवाब मिलेगा। पहलगाम में हमारे 26 लोगों को उनका धर्म पूछकर मार डाला गया। अगले दिन, 23 अप्रैल को, सीडीएस, तीनों सेना प्रमुखों और रक्षा सचिव के साथ बैठक में मैंने पहला सवाल यही पूछा कि अगर सरकार कोई ऑपरेशन करने का फैसला करती है, तो क्या वे इसके लिए तैयार हैं। आपको यह जानकर खुशी होगी कि उन्होंने बिना एक सेकंड भी देर किए जवाब दिया कि वे पूरी तरह तैयार हैं। फिर हमने प्रधानमंत्री मोदी से संपर्क किया, उन्होंने हमें आगे बढ़ने को कहा और पूरी छूट दे दी।

    राजनाथ सिंह ने कहा- “आपने देखा कि उसके बाद क्या हुआ। सीमा पर नहीं, हमने उनकी जमीन से 100 किलोमीटर अंदर जाकर आतंकी ठिकानों को तबाह कर दिया। जैश-ए-मोहम्मद का एक शीर्ष आतंकवादी कह रहा था कि मसूद अजहर के परिवार को भारत ने तोड़ दिया। पाकिस्तान ने युद्धविराम का आग्रह किया, और हम मान गए। हम अच्छे संबंध चाहते हैं क्योंकि अटल बिहारी वाजपेयी पहले कहा करते थे कि दोस्त बदले जा सकते हैं, पड़ोसी नहीं। हम उन्हें सही रास्ते पर लाने की कोशिश कर रहे हैं। प्रधानमंत्री ने भी कहा है कि यह बस एक विराम है। ऑपरेशन सिंदूर बस रुका है। इसे फिर से शुरू किया जा सकता है।”

    दुनिया भारत की बात पर ध्यान देती है- राजनाथ
    राजनाथ सिंह ने कहा- “मुझे यह जानकर खुशी हो रही है कि आप अंतर्राष्ट्रीय समुदाय के समक्ष भारत के बढ़ते कद को महसूस कर सकते हैं। पहले, जब भारत किसी अंतर्राष्ट्रीय मंच पर बोलता था, तो उसे उतनी गंभीरता से नहीं लिया जाता था जितनी गंभीरता से लिया जाना चाहिए था। आज, जब भारत किसी अंतर्राष्ट्रीय मंच पर बोलता है, तो पूरी दुनिया उस पर ध्यान देती है और उसे सुनती है। पहले ऐसी स्थिति नहीं थी। तमाम भू-राजनीतिक और वैश्विक चुनौतियों के बावजूद, भारत सबसे तेज़ी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में से एक है।”

    भारत में 1.60 लाख स्टार्टअप
    राजनाथ सिंह ने कहा- “हमने नारी शक्ति वंदन अधिनियम शुरू किया है। यदि आप मोरक्को से भारत लौटकर चुनाव लड़ना चाहती हैं, तो आपको लोकसभा, राज्यसभा और विधानसभा में 33% आरक्षण मिलेगा। संसद में सीटों की संख्या बढ़ा दी गई है। भारत स्टार्टअप और नवाचारों का एक वैश्विक केंद्र बन रहा है। 2014 में भारत में 500 स्टार्टअप थे और अब यह बढ़कर 1.60 लाख हो गए हैं। 2014 में 18 से बढ़कर आज भारत में यूनिकॉर्न की संख्या 118 हो गई है।”